अब पराली खरीदेगी सरकार
चंडीगढ़, 28 फरवरी (ट्रिन्यू)
मनोहर सरकार ने शुक्रवार को वार्षिक बजट पेश किया। फसलों के अवशेष व पराली को जलाने की वजह से फैलने पर प्रदूषण को रोकने पर सरकार का फोकस रहेगा। इसके लिए जिलों के हर ब्लॉक में पपराली खरीद केंद्र स्थापित होगी। किसान इन केंद्रों में सरकार को अपनी पराली बेच सकेंगे। पराली का एक स्थान पर प्रबंधन करने के लिए व्यापक योजना बनेगी। पराली से बिजली बनाने के साथ-साथ इसे दूसरी जगह भी इस्तेमाल में लिया जाएगा। गठबंधन के सांझा कार्यक्रम की झलक मुख्यमंत्री द्वारा पेश किए गए बजट में भारतीय जनता पार्टी और जननायक जनता पार्टी गठबंधन के संयुक्त न्यूनतम साझा कार्यक्रम की झलक साफ दिखाई दी। खुद सीएम ने कहा कि इस बजट के साथ ही दोनों पार्टियों के चुनावी वादों को पूरा करने की शुरूआत हो गई है। दोनों दलों ने करीब साढ़े तीन सौ वादे प्रदेश की जनता के साथ किए थे। इनमें से करीब 150 घोषणाएं ऐसी हैं, जो सीएम ने अपने बजट भाषण में कर दी।
132 योजनाओं का विलय, 18 बंद
प्रदेश सरकार ने केंद्र व राज्य सरकार के विभिन्न विभागों व बोर्ड-निगमों की 132 योजनाओं को खत्म करके इनका नई 46 योजनाओं में विलय करने का ऐलान किया है। इसी तरह से 18 योजनाओं को पूरी तरह से बंद कर दिया गया है। ये ऐसी योजनाएं थीं, जिनका कोई औचित्य नहीं था। विलय और बंद की गई योजनाओं के बजट को अन्य मदों में शिफ्ट किया गया है।
The post अब पराली खरीदेगी सरकार appeared first on दैनिक ट्रिब्यून.
from दैनिक ट्रिब्यून https://ift.tt/2I1FETs
via Latest News in Hindi
0 Comments